लंदन। ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर के अचानक इस्तीफे के फैसले ने वैश्विक बाजारों में अस्थिरता पैदा कर दी है। इस राजनीतिक घटनाक्रम के बाद ब्रिटिश करेंसी ‘पाउंड’ में तेज गिरावट दर्ज की गई है, जो अमेरिकी डॉलर के मुकाबले पिछले तीन महीनों के निचले स्तर पर पहुंच गया है।
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विदेशी मुद्रा बाजार में पाउंड करीब 1.319 डॉलर के आसपास कारोबार करता देखा गया, जिससे निवेशकों की चिंता और बढ़ गई है। विश्लेषकों का मानना है कि राजनीतिक अनिश्चितता ने बाजार के भरोसे को झटका दिया है।
इस्तीफे के पीछे बढ़ता राजनीतिक दबाव
कीर स्टारमर पिछले कुछ समय से आर्थिक चुनौतियों और अपनी नीतियों को लेकर आलोचनाओं का सामना कर रहे थे। पार्टी के भीतर और बाहर बढ़ते दबाव के बीच उन्होंने 22 जून 2026 को अपने पद से इस्तीफा देने का फैसला लिया।
उनके इस्तीफे के बाद लेबर पार्टी में नए नेता के चयन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। राजनीतिक हलकों में एंडी बर्नहैम को संभावित दावेदार के रूप में देखा जा रहा है, हालांकि अंतिम निर्णय अभी बाकी है।
निवेशकों में अनिश्चितता, बाजार में गिरावट
विशेषज्ञों के अनुसार, राजनीतिक स्थिरता किसी भी अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण होती है। ऐसे में प्रधानमंत्री के अचानक इस्तीफे ने निवेशकों के बीच अनिश्चितता बढ़ा दी है। खबर के सामने आते ही विदेशी मुद्रा बाजार में पाउंड की बिकवाली तेज हो गई।
निवेशकों को आशंका है कि नई सरकार के गठन तक बड़े आर्थिक फैसलों में देरी हो सकती है। साथ ही, यदि आगामी सरकार लोकलुभावन नीतियां अपनाती है, तो इससे महंगाई और सरकारी कर्ज पर दबाव बढ़ सकता है।
आगे की राह पर नजर
अब बाजार की नजर ब्रिटेन में बनने वाली नई सरकार और उसकी आर्थिक नीतियों पर टिकी है। जब तक नई सरकार स्थिरता और स्पष्ट नीति संकेत नहीं देती, तब तक पाउंड में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना बनी रहेगी।
वैश्विक निवेशक फिलहाल ब्रिटेन के राजनीतिक घटनाक्रम पर कड़ी नजर बनाए हुए हैं, क्योंकि इसका असर अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर भी पड़ सकता है।





