देहरादून के डोईवाला क्षेत्र में प्रेम संबंध से जुड़ा एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। एक बीएसएफ जवान पर अपनी प्रेमिका को कथित रूप से जहर देकर हत्या करने का आरोप लगा है। घटना के बाद जवान ने भी कथित तौर पर जहर खाकर आत्महत्या का प्रयास किया। फिलहाल उसका दून अस्पताल में इलाज चल रहा है, जबकि महिला की मौके पर ही मौत हो गई। मृतका के पति की शिकायत पर डोईवाला कोतवाली पुलिस ने आरोपी जवान के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

पत्नी की सूचना पर हरकत में आई पुलिस
पुलिस के अनुसार, आरोपी जवान की पत्नी ने सूचना दी कि उसके पति ने फोन कर अपनी लोकेशन भेजी और बताया कि उसने अपनी प्रेमिका की हत्या कर दी है तथा स्वयं भी जहर खा लिया है। सूचना मिलते ही पुलिस लोकेशन के आधार पर मियांवाला चौक स्थित एक होमस्टे पहुंची।
कमरे में 38 वर्षीय बीएसएफ जवान निवासी मोहब्बेवाला, क्लेमेंटाउन अचेत अवस्था में मिला, जबकि 40 वर्षीय महिला निवासी गूलरघाटी, नकरौंदा मृत अवस्था में पाई गई।
अस्पताल में चल रहा आरोपी का इलाज
पुलिस ने घायल जवान को पहले नजदीकी अस्पताल और बाद में दून अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसका उपचार जारी है। डॉक्टरों के अनुसार फिलहाल वह बयान देने की स्थिति में नहीं है। पुलिस का कहना है कि उसके स्वस्थ होने के बाद पूछताछ की जाएगी, जिससे घटना के पीछे की वास्तविक परिस्थितियां स्पष्ट हो सकेंगी।
प्रारंभिक जांच में प्रेम संबंध की बात आई सामने
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बीएसएफ जवान और महिला के बीच लंबे समय से प्रेम संबंध थे। जवान छुट्टी पर घर आया हुआ था और पिछले दो दिनों से महिला के साथ उक्त होमस्टे में ठहरा हुआ था।
वहीं, मृतका के पति ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि उसकी पत्नी और आरोपी जवान के बीच लंबे समय से प्रेम संबंध थे। उनका आरोप है कि इसी संबंध को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद आरोपी ने महिला को जहर देकर उसकी हत्या कर दी और बाद में स्वयं भी जहर खा लिया।
फॉरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य
घटना की सूचना मिलने पर फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस घटनास्थल से मिले सबूतों की जांच कर रही है और मामले के हर पहलू को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
पुलिस का बयान
एसपी सिटी प्रमोद कुमार ने बताया कि आरोपी फिलहाल बयान देने की स्थिति में नहीं है। उसके स्वस्थ होने के बाद विस्तृत पूछताछ की जाएगी। जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





