विधानसभा चुनावों को लेकर क्षेत्र में सियासी सरगर्मियाँ लगातार तेज होती जा रही हैं। इसी कड़ी में पूर्व मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा का ईश्वरी प्रसाद गंगवार के आवास पर पहुँचना राजनीतिक हलकों में खासा चर्चा का विषय बना हुआ है।

यह मुलाकात केवल शिष्टाचार तक सीमित नहीं मानी जा रही, बल्कि आने वाले चुनावी समीकरणों की दिशा तय करने वाला एक अहम राजनीतिक संवाद माना जा रहा है। बताया जा रहा है कि इस दौरान क्षेत्र की राजनीति, जनसमस्याओं और आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर विस्तार से बातचीत हुई। गंगवार परिवार के साथ विजय बहुगुणा की यह मुलाकात इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि इससे पहले भी बहुगुणा परिवार और गंगवार परिवार के बीच इस तरह के राजनीतिक संपर्क होते रहे हैं, जिनका असर हमेशा क्षेत्रीय राजनीति पर साफ दिखाई देता रहा है। इसी बीच सोशल मीडिया पर भी सुरेश गंगवार की स्थानीय राजनीतिक गतिविधियाँ लगातार चर्चा में हैं। हाल ही में सामने आए उनके एक बयान में उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि “सौरभ बहुगुणा हमारे परिवार का हिस्सा हैं और उनके साथ हमारा कोई मनमुटाव नहीं है।” इस बयान को मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा भी जोरों पर है कि सुरेश गंगवार किच्छा विधानसभा सीट से भाजपा का टिकट माँग रहे हैं, वहीं सौरभ बहुगुणा वर्तमान में उत्तराखंड सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में अहम जिम्मेदारी निभा रहे हैं। ऐसे में गंगवार परिवार और बहुगुणा परिवार के बीच बढ़ता राजनीतिक तालमेल आगामी चुनाव में बड़े समीकरणों का संकेत दे रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि वरिष्ठ नेता विजय बहुगुणा की सक्रियता, सौरभ बहुगुणा की सरकार में मजबूत स्थिति और सुरेश गंगवार की चुनावी तैयारियाँ मिलकर इस पूरे क्षेत्र की राजनीति को एक नई दिशा दे सकती हैं। जैसे-जैसे चुनाव नज़दीक आ रहे हैं, वैसे-वैसे इन मुलाकातों और बयानों का राजनीतिक महत्व और गहराता जा रहा है।





