रुड़की/हरिद्वार: हरिद्वार जिले की रुड़की कोर्ट से फरार हुआ दोषी नीरज गोस्वामी आखिरकार पुलिस के हत्थे चढ़ गया। आरोपी कोर्ट से सजा सुनाए जाने के तुरंत बाद फरार हो गया था, जिसके बाद पुलिस उसकी तलाश में जुट गई थी। इस घटना के चलते हरिद्वार एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल ने कोर्ट मोहर्रिर महिला कांस्टेबल को निलंबित कर दिया।

गंगनहर कोतवाली पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर नीरज गोस्वामी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी, जो ग्राम रहमतपुर थाना पिरान कलियर का निवासी है, कोर्ट परिसर से भाग गया था, जिससे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल के निर्देश पर फरार दोषी की गिरफ्तारी के लिए विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया था।
पुलिस टीमों ने संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी और तकनीकी सर्विलांस और मुखबिर तंत्र की मदद से आरोपी का लोकेशन ट्रेस कर रुड़की रेलवे स्टेशन से उसे दबोच लिया। एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर पुनः न्यायालय में पेश किया जाएगा।
नीरज गोस्वामी धारा 138 NI ACT के तहत पेशी पर न्यायालय में मौजूद था। उसके खिलाफ रुड़की कोर्ट में लंबे समय से वाद चल रहा था। 16 जनवरी को अदालत ने उसे एक साल के कारावास की सजा सुनाई और पुलिस अभिरक्षा में सौंपा, लेकिन कुछ ही देर बाद आरोपी कोर्ट मुहर्रिर की कस्टडी से फरार हो गया।
इस घटना ने न्यायालय परिसर में अफरा-तफरी मचा दी और कोर्ट की सुरक्षा व्यवस्था एवं पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। एसएसपी हरिद्वार ने मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए कोर्ट मोहर्रिर को निलंबित कर दिया, क्योंकि आरोपी की फरारी उसकी अभिरक्षा में हुई थी।





