उत्तराखंड के हल्द्वानी में कोतवाली परिसर के भीतर महिला दरोगा के साथ कथित मारपीट और अभद्रता का मामला सामने आया है। आरोप महिला पुलिसकर्मी पर थप्पड़ मारने और धमकी देने का है। मामले में आरोपी सिपाही अनिल गिरि को निलंबित कर दिया गया है। पुलिस ने उसके खिलाफ छह धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले की जांच महिला सीओ अंजना नेगी को सौंपी गई है।

फोन पर गाली-गलौज और परिवार को धमकी देने का आरोप
प्राप्त जानकारी के अनुसार, महिला दरोगा ने शिकायत में आरोप लगाया कि 10 अक्टूबर को सिपाही अनिल गिरि ने फोन पर उनके साथ गाली-गलौज की और काशीपुर निवासी उनके पति तथा बच्चों को मारने की धमकी दी। इसके अगले दिन, 11 अक्टूबर को महिला दरोगा की परीक्षा ड्यूटी लगी थी। आरोप है कि सुबह करीब छह बजे सिपाही ने उन्हें फोन कर जान से मारने की धमकी दी।
जान बचाने के लिए कोतवाली पहुंचीं महिला दरोगा
महिला दरोगा के मुताबिक, धमकियों से परेशान होकर वह अपनी सुरक्षा के लिए कोतवाली पहुंचीं। आरोप है कि वहां सिपाही ने पहले उनका मोबाइल फोन छीन लिया और फिर उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। खुद को बचाने के लिए महिला दरोगा सीसीटीएनएस कक्ष की ओर चली गईं, जहां पहले से दो पुलिसकर्मी मौजूद थे।
शिकायत के अनुसार, आरोपी सिपाही वहां भी पहुंच गया और महिला दरोगा की वर्दी पकड़कर उनके साथ मारपीट करने लगा। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने हस्तक्षेप कर दोनों के बीच मामला शांत कराया।
एसएसपी से शिकायत के बाद कार्रवाई
महिला दरोगा ने घटना को लेकर एसएसपी को लिखित और मौखिक शिकायत देने के साथ ही व्हाट्सएप के माध्यम से भी अपनी बात रखी। शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपी सिपाही के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे निलंबित कर दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच की जिम्मेदारी महिला सीओ अंजना नेगी को सौंपी गई है।
एसएसपी ने जल्द जांच पूरी करने के दिए निर्देश
एसएसपी नैनीताल मंजुनाथ टीसी के अनुसार, आरोपी सिपाही के खिलाफ छह धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है। उसे निलंबित कर दिया गया है और जांच जल्द से जल्द पूरी कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।





