देहरादून (उत्तराखंड)। Rashtriya Swayamsevak Sangh के सरसंघचालक Mohan Bhagwat दो दिवसीय प्रवास पर देहरादून पहुंच गए हैं। अपने दौरे के दौरान वे समाज के प्रमुख नागरिकों, बुद्धिजीवियों और पूर्व सैनिकों के साथ संवाद कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे। कार्यक्रमों की तैयारियां पहले ही पूरी कर ली गई हैं।

संघ की स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में देशभर में विभिन्न सम्मेलन आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में डॉ. मोहन भागवत देहरादून में अलग-अलग बौद्धिक बैठकों और जन गोष्ठियों को संबोधित करेंगे।
आरएसएस के प्रांत कार्यवाह दिनेश सेमवाल के अनुसार, वर्ष 1925 में स्थापित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने अपने 100 वर्ष पूरे कर लिए हैं। उन्होंने कहा कि संघ में पारंपरिक उत्सव की परंपरा नहीं है, बल्कि यह विचारों का उत्सव है। शताब्दी वर्ष के अवसर पर आगामी लक्ष्यों और तैयारियों पर मंथन किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि उत्तराखंड में संघ का संपर्क अब तक 13 लाख परिवारों तक पहुंच चुका है। 11 हजार गांवों में 2600 टोलियों ने घर-घर संपर्क अभियान चलाया है। राज्य में 712 मंडलों और 639 बस्तियों सहित कुल 1300 इकाइयों में हिंदू सम्मेलन आयोजित किए जा रहे हैं, जो आज पूर्ण हो जाएंगे।
दौरे के तहत 22 फरवरी को जन गोष्ठी और 23 फरवरी को पूर्व सैनिकों के साथ विशेष संवाद कार्यक्रम आयोजित होगा। ये कार्यक्रम गढ़ी कैंट स्थित कल्चरल हॉल में आयोजित किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त खंड और नगर स्तर पर भी बुद्धिजीवियों, विद्यार्थियों और प्रदेश के पूर्व अधिकारियों के साथ विचार-विमर्श के कार्यक्रम तय किए गए हैं।





