हल्द्वानी में एसडीएम की तैनाती को लेकर कांग्रेस विधायक सुमित हृदयेश ने एक बार फिर सरकार और प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। सोमवार, 9 फरवरी को उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं और पार्षदों के साथ एसडीएम कोर्ट परिसर में धरना-प्रदर्शन किया और कोर्ट के नियमित संचालन की मांग उठाई। इस दौरान प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की गई।

एसडीएम कोर्ट में लंबे समय से न्यायिक कार्य बाधित रहने को लेकर जनप्रतिनिधियों का आक्रोश खुलकर सामने आया। विधायक सुमित हृदयेश और पार्षद रवि जोशी ने कोर्ट परिसर में जमीन पर बैठकर विरोध जताया। बताया गया कि एसडीएम हल्द्वानी राहुल शाह के स्थानांतरण के बाद से कोर्ट का संचालन नियमित रूप से नहीं हो पा रहा है। न्यायिक अधिकारी की स्थायी तैनाती न होने के कारण कई दिनों से मामलों की सुनवाई प्रभावित है।
कोर्ट के ठप पड़े रहने का सीधा असर अधिवक्ताओं के साथ-साथ आम जनता पर पड़ रहा है। छोटे-छोटे मामलों में भी लोगों को बार-बार तारीख मिल रही है, जिससे न्याय मिलने में अनावश्यक देरी हो रही है और जनता को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
धरना प्रदर्शन के दौरान विधायक सुमित हृदयेश ने कहा कि एसडीएम कोर्ट हल्द्वानी क्षेत्र की एक महत्वपूर्ण न्यायिक इकाई है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याओं के समाधान की उम्मीद लेकर पहुंचते हैं। कोर्ट का नियमित संचालन न होना पूरी न्याय व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है।
उन्होंने कहा कि आम जनता को समय पर न्याय दिलाना प्रशासन की जिम्मेदारी है। धरने के दौरान विधायक ने कुमाऊं आयुक्त और जिलाधिकारी से फोन पर वार्ता कर पूरे मामले से अवगत कराया और हल्द्वानी में शीघ्र नए एसडीएम की तैनाती की मांग की, ताकि कोर्ट का कार्य फिर से सुचारू रूप से शुरू हो सके।
वहीं, पार्षद रवि जोशी ने कहा कि न्यायिक कार्य ठप होने से क्षेत्र की जनता में भारी रोष है। लोग अपने जरूरी काम छोड़कर कोर्ट पहुंचते हैं, लेकिन सुनवाई न होने के कारण निराश होकर लौटना पड़ता है। उन्होंने प्रशासन से जल्द ठोस कदम उठाने की मांग की।





