गूलरभोज से लालकुआं जा रही ओएमसी स्पेशल ट्रेन की चपेट में आने से एक नर हाथी गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसा शुक्रवार रात करीब 8:30 बजे रेलवे ट्रैक के किलोमीटर संख्या 16/8 के पास हुआ। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घायल हाथी को दर्द निवारक दवा दी।

शनिवार सुबह से ही पीपलपड़ाव और टांडा रेंज के वन क्षेत्राधिकारी घटनास्थल पर मौजूद हैं, लेकिन घटना के लगभग 15 घंटे बीत जाने के बाद भी रेस्क्यू टीम मौके पर नहीं पहुंच पाई है। घायल हाथी पानी से भरे तालाब में तड़प रहा है, जिससे स्थानीय लोग और वन कर्मी दोनों चिंतित हैं।
टांडा रेंज के रेंजर रूपनारायण गौतम ने बताया कि हादसे वाली जगह से करीब 50 मीटर आगे 30 किमी प्रति घंटा की गति सीमा का बोर्ड लगा है। यह बोर्ड करीब साढ़े तीन साल पहले एक हथिनी और उसके बच्चे की ट्रेन से मौत के बाद लगाया गया था, लेकिन इसके बावजूद ट्रेन की रफ्तार बहुत तेज थी।
वन क्षेत्राधिकारी पीपलपड़ाव पी.सी. जोशी ने बताया कि घायल हाथी की दोनों पिछली टांगें गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हैं। उन्होंने कहा कि आगरा रेस्क्यू सेंटर से लगातार संपर्क किया जा रहा है और उनके दिशा-निर्देशों के आधार पर ही आगे का इलाज शुरू किया जाएगा।





