TODAY NEWS 9

D I G I T A L   P A P E R
किच्छा, उधम सिंह नगर
हर खबर, आपके शहर की
www.todaynews9.com

उत्तराखंड में अपर सचिव और दारोगा की नोकझोंक का वीडियो वायरल, दारोगा लाइन हाजिर।

मुख्य समाचार: ख़बर पड़ताल ब्यूरो:- उत्तराखंड की नौकरशाही एक बार फिर विवादों में घिर गई है।
एक वीडियो सामने आया है जिसमें शासन के एक अपर सचिव और एक पुलिस दारोगा के बीच तीखी नोकझोंक होती नजर आ रही है।
किच्छा (एजेंसी)। ख़बर पड़ताल ब्यूरो:- उत्तराखंड की नौकरशाही एक बार फिर विवादों में घिर गई है। एक वीडियो सामने आया है जिसमें शासन के एक अपर सचिव और एक पुलिस दारोगा के बीच तीखी नोकझोंक होती नजर आ रही है। वीडियो के वायरल होते ही देहरादून के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने बड़ी कार्रवाई करते हुए संबंधित दारोगा को लाइन हाजिर कर दिया है। वीडियो उत्तराखंड
Related News Clip
संबंधित चित्र - टुडे न्यूज़ 9
News Visual
विशेष फोटो - टुडे न्यूज़ 9
तकनीकी विश्वविद्यालय के पास स्थित राज्य स्तरीय अनुसंधान और वित्त प्रशिक्षण केंद्र क्षेत्र का बताया जा रहा है। यहां पर सरकारी जमीन से एक रास्ता निकालने को लेकर विवाद चल रहा था। इसी दौरान शासन के अपर सचिव अरुणेंद्र चौहान और झाझरा पुलिस चौकी के प्रभारी दारोगा हर्ष अरोड़ा के बीच कहासुनी हो गई। वीडियो में देखा जा सकता है कि अपर सचिव अरुणेंद्र चौहान, दारोगा पर सरकारी जमीन से रास्ता खुलवाने
की कोशिश कर रहे लोगों का पक्ष लेने का आरोप लगा रहे हैं। वहीं दारोगा भी पलटवार करते हुए सचिव पर बदसलूकी करने का आरोप लगाते नजर आते हैं। वीडियो के सामने आते ही पुलिस महकमे में हलचल मच गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दारोगा हर्ष अरोड़ा को लाइन हाजिर कर दिया है। इस बीच, सरकारी जमीन से रास्ता खुलवाने का प्रयास करने वाले व्यक्ति
के खिलाफ भी मामला दर्ज कर लिया गया है। बताया जा रहा है कि लंबे समय से इस जमीन से रास्ता निकाले जाने की मांग की जा रही थी और इस संबंध में जिलाधिकारी को भी आवेदन दिए गए थे। फिलहाल इस मामले ने उत्तराखंड की प्रशासनिक व्यवस्था पर फिर से कई सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि इस विवाद में आगे क्या रुख अपनाया जाता है और क्या किसी अन्य अधिकारी पर भी कार्रवाई होती है।

📌 मुख्य बिंदु / समाचार सारांश

  • अब देखना होगा कि इस विवाद में आगे क्या रुख अपनाया जाता है और क्या किसी अन्य अधिकारी पर भी कार्रवाई होती है।
  • फिलहाल इस मामले ने उत्तराखंड की प्रशासनिक व्यवस्था पर फिर से कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
  • बताया जा रहा है कि लंबे समय से इस जमीन से रास्ता निकाले जाने की मांग की जा रही थी और इस संबंध में जिलाधिकारी को भी आवेदन दिए गए थे।