TODAY NEWS 9

D I G I T A L   P A P E R
किच्छा, उधम सिंह नगर
हर खबर, आपके शहर की
www.todaynews9.com

*स्मार्ट मीटर बना ‘सुपर मीटर’ एक महीने की बिजली, बिल आया 46 लाख; उपभोक्ता के उड़े होश।*

मुख्य समाचार: खबर पड़ताल ब्यूरो:- नैनीताल जिले से हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है।
यहां ऊर्जा निगम ने एक उपभोक्ता को महज एक महीने के अंदर 46 लाख 60 हजार रुपये का बिजली बिल थमा दिया।
किच्छा (एजेंसी)। खबर पड़ताल ब्यूरो:- नैनीताल जिले से हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है। यहां ऊर्जा निगम ने एक उपभोक्ता को महज एक महीने के अंदर 46 लाख 60 हजार रुपये का बिजली बिल थमा दिया। इस बिल को देखकर उपभोक्ता के होश उड़ गए और ऊर्जा निगम के अधिकारी भी सकते में आ गए। ये अनोखा मामला हल्द्वानी नगर निगम के वार्ड संख्या
Related News Clip
संबंधित चित्र - टुडे न्यूज़ 9
News Visual
विशेष फोटो - टुडे न्यूज़ 9
43, अरावली वाटिका छड़ायल निवासी हंसा दत्त जोशी के घर का है। जोशी जी के घर पर करीब एक महीना पहले ही स्मार्ट मीटर लगाया गया था। लेकिन जब कुछ दिन पहले उनका ऑनलाइन बिजली बिल आया, तो उसमें 46 लाख 60 हजार से भी ज्यादा की राशि दर्ज थी। हंसा दत्त जोशी ने इस बिल की शिकायत तुरंत ऊर्जा निगम के अधिकारियों से की। पहले उन्हें ट्रांसपोर्ट नगर स्थित कार्यालय भेजा
गया, फिर वहां से हीरानगर कार्यालय रिफर किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए अधीक्षण अभियंता नवीन मिश्रा ने जानकारी दी कि 24 मार्च को उपभोक्ता का पुराना मीटर बदलकर स्मार्ट मीटर लगाया गया था। पुराने मीटर की एलईडी खराब होने की वजह से रीडिंग में गड़बड़ी हुई है। ऊर्जा निगम की ओर से पूरे मामले की जांच की जा रही है और यदि इसमें लापरवाही पाई गई तो मीटर लगाने
वाली एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं उपभोक्ता के मीटर को दोबारा चेक किया गया, जिसमें सही रीडिंग के अनुसार लगभग ₹400 का बिल आया है। उपभोक्ता को अब वही न्यूनतम बिल जमा करने के लिए कहा गया है। एक ओर जहां स्मार्ट मीटरों को पारदर्शिता के लिए लगाया जा रहा है, वहीं इस तरह की तकनीकी गड़बड़ियां उपभोक्ताओं को परेशानी में डाल रही हैं। अब देखना होगा कि ऊर्जा निगम इस लापरवाही से क्या सबक लेता है।

📌 मुख्य बिंदु / समाचार सारांश

  • अब देखना होगा कि ऊर्जा निगम इस लापरवाही से क्या सबक लेता है।
  • एक ओर जहां स्मार्ट मीटरों को पारदर्शिता के लिए लगाया जा रहा है, वहीं इस तरह की तकनीकी गड़बड़ियां उपभोक्ताओं को परेशानी में डाल रही हैं।
  • उपभोक्ता को अब वही न्यूनतम बिल जमा करने के लिए कहा गया है।