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अवैध रूप से भारत में रह रहे लोगों को सरकार खुद देश से बाहर निकालेगी। 1. गुजरात: रात 12 बजे से सुबह 6 बजे तक पुलिस की रेड केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को सभी राज्य सरकारों को विदेशी नागरिकों की पहचान करने और उन्हें वापस भेजने का निर्देश दिया था। इसके बाद गुजरात सरकार ने पुलिस क्राइम ब्रांच को राज्य के बड़े शहरों और गांवों में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों को तुरंत हिरासत में लेने को कहा। पुलिस का ऑपरेशन शनिवार रात 12 बजे शुरू हुआ और सुबह 6 बजे तक चला। अहमदाबाद में 457 और सूरत में करीब 100 लोगों को हिरासत में लिया गया है। पुलिस ने हिरासत में लिए लोगों की परेड निकाली और सबको पैदल लेकर हेडक्वार्टर पहुंची। फिलहाल, सभी के दस्तावेजों की जांच चल रही है। कुछ लोगों के पास से भारतीय आधार कार्ड भी मिले हैं। पुलिस ने सभी के फोन भी जब्त कर लिए हैं। अभी पूछताछ की जा रही है। वैध दस्तावेज नहीं मिले तो सरकार सबको उनके देश भेजेगी। 2. असम: पुलिस ने छह बांग्लादेशियों को गिरफ्तार किया असम में पुलिस ने छह बांग्लादेशी लोगों को गिरफ्तार किया गया। सभी अवैध रूप से भारत में घुसपैठ की कोशिश कर रहे थे। इनमें एक महिला भी है।
गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की पहचान मोहम्मद मोनिर, मोहम्मद अहीदुल शेख, अजीजुल शेख, रोकिया बीबी, मोहम्मद अहशान उल्लाह और मोहम्मद हरेश के रूप में हुई है। 3. हरियाणा: हिरासत में लिए गए 460 पाकिस्तानियों में ज्यादातर हिंदू हरियाणा के CM नायब सैनी ने शुक्रवार को गृह मंत्री अमित शाह के निर्देश के बाद राज्य में अवैध रूप से रहने वाले विदेशी नागरिकों की पहचान करने को कहा है। सरकार ने राज्य में रह रहे 460 पाकिस्तानियों को निकालने के आदेश जारी किए हैं। इनमें अधिकांश हिंदू परिवार हैं। इन लोगों ने भारत की नागरिकता के लिए भी आवेदन किया है, लेकिन उस पर अभी फैसला नहीं हो पाया है। 4. उत्तर प्रदेश: 4 पाकिस्तानी महिलाएं को वापस भेजा गया उत्तर प्रदेश सरकार ने चार पाकिस्तानी महिला नागरिकों को वापस उनके देश भेजा है। पुलिस ने बताया कि ये महिलाएं टूरिस्ट वीजा पर बुलंदशहर आई थीं और उन्हें वाघा-अटारी बॉर्डर के रास्ते वापस भेज दिया गया है। महिलाओं की पहचान रुदाबा, नौशाबा, खालिदा और सबाहत के रूप में हुई है। दूसरी तरफ, लखनऊ में सुरक्षा एजेंसियों ने एक होटल में अवैध रूप से रह रहे पांच ओमानी नागरिकों को पकड़ा है। पुलिस के अनुसार, विदेशी नागरिक भारत में रहने का कोई वैध कारण नहीं बता पाए हैं। उनके ट्रैवल डॉक्यूमेंट्स जब्त कर