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बरेली: पत्नी को जहर देकर हत्या करने के मामले में पति को आठ साल की सजा

मुख्य समाचार: TN9 बरेली : 10 वर्ष पहले पत्नी को जहर देकर हत्या करने के मामले में जिला जज सुधीर कुमार ने थाना इज्जतनगर के ग्राम परतापुर चौधरी निवासी पति मो. रफी उर्फ गुड्डू को परीक्षण में दोषी पाते हुए 8 वर्ष सश्रम कारावास और 12 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
जुर्माने की पूरी रकम मृतका के माता-पिता को बतौर मुआवजा दी जाएगी।
किच्छा (एजेंसी)। TN9 बरेली : 10 वर्ष पहले पत्नी को जहर देकर हत्या करने के मामले में जिला जज सुधीर कुमार ने थाना इज्जतनगर के ग्राम परतापुर चौधरी निवासी पति मो. रफी उर्फ गुड्डू को परीक्षण में दोषी पाते हुए 8 वर्ष सश्रम कारावास और 12 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माने की पूरी रकम मृतका के
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माता-पिता को बतौर मुआवजा दी जाएगी। वहीं, सास, ससुर, फुफिया सास समेत चार आरोपियों को बरी कर दिया। डीजीसी क्राइम रीतराम राजपूत के अनुसार इशाक मोहम्मद ने थाना इज्जतनगर में 13 दिसंबर 2014 को तहरीर देकर बताया था कि पुत्री रिजवाना की शादी मो. रफी के साथ एक वर्ष छह माह पूर्व की थी। करीब पांच लाख रुपये शादी में खर्च किए थे। इसके बाद
भी ससुराली बेटी पर 50 हजार रुपये मायके से लाने का दबाव बनाते थे। मना करने पर पीटते थे। सुबह रिजवाना के फुफिया ससुर ने बताया कि उनकी बेटी बहुत बीमार है। वह परिजनों के साथ ग्राम परतापुर आए तो घर में बेटी की लाश पड़ी थी। घर पर कोई नहीं था। पुत्री को पति और ससुरालियों ने मिलकर मार दिया। पुलिस ने रिपोर्ट
दर्ज कर विवेचना के बाद पति, सास-ससुर के विरुद्ध आरोप पत्र कोर्ट भेजा था। वादी की अर्जी पर अदालत ने विचारण के दौरान ननद भूरी, फुफिया सास शहाना को भी तलब किया था। पोस्टमार्टम में मृतका की मौत का कारण स्पष्ट न होने पर बिसरा सुरक्षित रखा गया था। बिसरा परीक्षण रिपोर्ट में मृतका की मौत का कारण जहर से होना बताया गया था। अभियोजन ने 10 गवाह पेश किए थे।

📌 मुख्य बिंदु / समाचार सारांश

  • अभियोजन ने 10 गवाह पेश किए थे।
  • बिसरा परीक्षण रिपोर्ट में मृतका की मौत का कारण जहर से होना बताया गया था।
  • पोस्टमार्टम में मृतका की मौत का कारण स्पष्ट न होने पर बिसरा सुरक्षित रखा गया था।