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किच्छा की ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहरों को नई पहचान दिलाने का संकल्प, मुख्यमंत्री धामी के समक्ष रखेंगे प्रस्ताव: विवेक दीप सिंह

मुख्य समाचार: किच्छा।
किच्छा की ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहरों को नई पहचान दिलाने की दिशा में भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष विवेक दीप सिंह ने पहल करने की बात कही है।
किच्छा (एजेंसी)। किच्छा। किच्छा की ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहरों को नई पहचान दिलाने की दिशा में भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष विवेक दीप सिंह ने पहल करने की बात कही है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के प्राचीन मंदिरों और ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब को मानसखंड मंदिर माला मिशन से जोड़ने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के समक्ष प्रस्ताव रखा जाएगा। उनका कहना है कि इस पहल से धार्मिक स्थलों के संरक्षण, सौंदर्यीकरण और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने में मदद मिल सकती है। विवेक दीप सिंह पुरानी गल्ला मंडी स्थित रामलीला मंच पर नवीन कला केंद्र की ओर से आयोजित किच्छा की प्राचीन रामलीला के शुभारंभ कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
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उन्होंने दीप प्रज्वलित कर रामलीला मंचन का विधिवत शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने भगवान श्रीराम के आदर्शों और नगर की ऐतिहासिक, धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण की आवश्यकता पर जोर दिया। किच्छा की ऐतिहासिक विरासत को पहचान दिलाने की बात कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विवेक दीप सिंह ने कहा कि किच्छा ऐतिहासिक, धार्मिक, सांस्कृतिक और व्यापारिक विरासत से समृद्ध नगर है। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व में बाहरी जनप्रतिनिधियों की उपेक्षा के चलते यहां के प्राचीन मंदिरों और ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब को अपेक्षित पहचान और संरक्षण नहीं मिल पाया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की धार्मिक एवं सांस्कृतिक धरोहरों को उचित सम्मान दिलाना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है। जनता के विश्वास और सहयोग से किच्छा की आवाज शासन के उच्च स्तर तक पहुंचाई जाएगी, ताकि नगर की ऐतिहासिक पहचान
को मजबूती मिल सके। मुख्यमंत्री के समक्ष रखा जाएगा प्रस्ताव विवेक दीप सिंह ने कहा कि किच्छा के प्राचीन मंदिरों और ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब को मानसखंड मंदिर माला मिशन से जोड़ने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के समक्ष प्रस्ताव प्रस्तुत करने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इसके माध्यम से धार्मिक स्थलों के संरक्षण, सौंदर्यीकरण, श्रद्धालुओं के लिए सुविधाओं के विस्तार और धार्मिक पर्यटन को प्रोत्साहित करने की दिशा में काम किया जा सकता है। उन्होंने उम्मीद जताई कि धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलने से स्थानीय व्यापार और रोजगार के अवसरों में भी वृद्धि होगी। साथ ही किच्छा की सांस्कृतिक पहचान को प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिल सकेगी। रामलीला को बताया सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक रामलीला के महत्व पर प्रकाश डालते हुए विवेक दीप सिंह
ने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन सत्य, मर्यादा, त्याग, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा की प्रेरणा देता है। किच्छा की प्राचीन रामलीला सनातन संस्कृति और पीढ़ियों से चली आ रही परंपराओं का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने आयोजन से जुड़े पदाधिकारियों और कलाकारों को सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि किच्छा का विकास केवल बुनियादी सुविधाओं तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि नगर की ऐतिहासिक पहचान, सांस्कृतिक विरासत और गौरव को भी संरक्षित किया जाना चाहिए। कार्यक्रम में ये लोग रहे मौजूद कार्यक्रम में रामलीला कमेटी के अध्यक्ष पंडित नगत शर्मा, वरिष्ठ भाजपा नेता सुरेश उपाध्याय, भाजपा जिला मंत्री अक्षय अरोड़ा, प्रह्लाद खुराना, सुनील गुप्ता, मोहन चोपड़ा, सिफ कुमार मित्तल, उमेश अग्रवाल, जितेंद्र कुमार अग्रवाल, हरीश सक्सेना, दिव्यांशु अग्रवाल, नितेश बाला, ओम प्रकाश अग्रवाल, सन्नी अग्रवाल और अंकुर अग्रवाल सहित रामलीला कमेटी के पदाधिकारी, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

📌 मुख्य बिंदु / समाचार सारांश

  • कार्यक्रम में ये लोग रहे मौजूद कार्यक्रम में रामलीला कमेटी के अध्यक्ष पंडित नगत शर्मा, वरिष्ठ भाजपा नेता सुरेश उपाध्याय, भाजपा जिला मंत्री अक्षय अरोड़ा, प्रह्लाद खुराना, सुनील गुप्ता, मोहन चोपड़ा, सिफ कुमार मित्तल, उमेश अग्रवाल, जितेंद्र कुमार अग्रवाल, हरीश सक्सेना, दिव्यांशु अग्रवाल, नितेश बाला, ओम प्रकाश अग्रवाल, सन्नी अग्रवाल और अंकुर अग्रवाल सहित रामलीला कमेटी के पदाधिकारी, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
  • उन्होंने कहा कि किच्छा का विकास केवल बुनियादी सुविधाओं तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि नगर की ऐतिहासिक पहचान, सांस्कृतिक विरासत और गौरव को भी संरक्षित किया जाना चाहिए।
  • उन्होंने आयोजन से जुड़े पदाधिकारियों और कलाकारों को सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं दीं।